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Thursday, 17 September 2009

काशी साईं आज का विचार : गुरु का महत्व

" जैसे एक नन्हा सा दीपक घनघोर अँधेरा दूर कर प्रकाश फैला देता है, वैसे ही सद्गुरु हमारे अन्तर(मन) में फैले अंधेरे को 'ज्ञान' के प्रकाश से प्रकाशित कर देते हैं।"

Thursday, 10 September 2009

महिमा साईं नाम की

महिमा साईं नाम की:-
साईं नाम आधार मनवा, साईं नाम आधार।
साईं नाम आधार मनवा, साईं नाम आधार।
साईं सुमिर ले, चित लगा के, छेड़ के मन के तार,
मनवा, साईं नाम आधार। साईं नाम आधार।
साईं सत्य है, नाम प्रभु का, जाप ले बारम्बार,
मनवा, साईं नाम आधार। साईं नाम आधार।
छाया हो घनघोर अँधेरा, जब तेरे चहू ओर,
साईं नाम की अलख जलाकर करले तू उजियार,
मनवा, साईं नाम आधार। साईं नाम आधार।

Sunday, 25 January 2009

अगर परमात्मा मंजिल है तो गुरु रास्ता हैं :-


ईश्वर/परमात्मा के नाम का जाप निरंतर करते हुए

गुरु की शिक्षा - दीक्षा के माध्यम से मनुष्य

परमात्मा से गहरे सम्बन्ध बना सकता है ।

गुरु के ज्ञान व संरक्षण में हमे परमात्मा का

साक्षात्कार सहज ही हो जाता है ।

भगवान - God

भगवान अर्थात

भग + वान अर्थात

भ + ग + व + अ + न अर्थात

भ = भूमि (Land).

ग = गगन (Sky).

व = वायु (Air).

अ = अग्नि (Fire).

= नीर (Water).

Friday, 23 January 2009

क्या हमने कभी सोचा है: भाग-1

कि हम ईश्वर (देवता) अर्थात दाता से माँगने में पीछे नहीं रहते है, किंतु जब हमसे कोई भिखारी कुछ माँगता है, तब हमारी स्वयं की स्थिति दाता की ही होती है, फिर हमें भिखारी को कुछ देने में संकोच कैसा.......???

"सोचकर बताये"

चंद्रशेखर आज़ाद के अंतिम संस्कार के बारे में जानने के लिए उनके बनारस के रिश्तेदार श्री शिवविनायक मिश्रा द्वारा दिया गया वर्णन पढ़ना समीचीन होगा:-

उनके शब्दों में—“आज़ाद के अल्फ्रेड पार्क में शहीद होने के बाद इलाहाबाद के गांधी आश्रम के एक स...